अनिश्चितकालीन हड़ताल आंदोलन को तेज करने का लिया संकल्प।
उत्तराखंड डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ ने 01अप्रैल से अनिश्चितकालीन हड़ताल आंदोलन को तेज करने का लिया संकल्प।
(जल संस्थान वाले 01 अप्रैल से जा रहे है व अन्य सभी 23 मार्च से जा रखे है)
उत्तराखंड (देहरादून) सोमवार, 30 मार्च 2026
27सूत्रीय मांगो का निराकरण न होने के कारण उत्तराखंड डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ के आह्वान पर तृतीय चरण के कार्यक्रम के अंतर्गत प्रदेश के समस्त राजकीय विभागों के सदस्य दिनांक 23मार्च 2026से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। संघ के पत्राक/29/माहसचिव/हड़ताल/2025-26 दिनांक 16मार्च 2026के द्वारा पेयजल सचिव को संबोधित पत्र में पेयजल के अतिआवश्यक विभाग होने के कारण दिनांक 1अप्रैल 2026से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने की घोषणा की गई।
अब तक हड़ताल पर जाने के घोषणा पत्र मांगे गए थे, जिस पर वर्तमान समय तक 75 प्रतिशत घोषणा पत्र के साथ सदस्यों द्वारा कार्यालय में जमा करा दिए गए हैं अवशेष 25प्रतिशत घोषणा पत्र के साथ ही विभिन्न कार्यों हेतु कार्यालय द्वारा निर्गत समस्त माप पुस्तिका एवं कार्यांदेश बुक कार्यालय में दिनांक 31मार्च तक जमा कराते हुए इसकी सूचना संघ/महासंघ के मण्डल अध्यक्ष/सचिव को जमा कराएंगे। इंजीनियर्स जे एसचौहान प्रांतीय महासचिव ने कहा कि हमारी मांगो के प्रति शासन का वर्तमान समय तक सकारात्मक दृष्टिकोण न होने के कारण संघर्ष कार्यक्रम की अवधि उम्मीद से कही ज्यादा होने के आसार हैं, जिस कारण किसी भी परिस्थितियों के लिए तैयार रहना हैं। दिनांक 1अप्रैल 2026से उत्तराखंड डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ अनिश्चितकालीन हड़ताल में अपनी आहुति दे कर, मांगो के पूर्ण न होने तक चुप नहीं बैठेगा। ये जानकारी प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से मीडिया को जारी की गई।